Sourabh Malviya डॉ.सौरभ मालवीय
विचारों की धरा पर शब्दों की अभिव्यक्ति...
Tuesday, May 13, 2025
पंच दिवसीय मौखिक गणित कार्यशाला
विद्या भारती पूर्वी उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित पंच दिवसीय मौखिक गणित कार्यशाला के समापन सत्र में रहने का अवसर प्राप्त हुआ।
14 मई 2025
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आज भोपाल में
भारतीय संस्कृति में नारी कल, आज और कल
डॉ. सौरभ मालवीय ‘नारी’ इस शब्द में इतनी ऊर्जा है कि इसका उच्चारण ही मन-मस्तक को झंकृत कर देता है, इसके पर्यायी शब्द स्त्री, भामिनी, कान...
भारतीय संविधान भारतीय जीवन दर्शन का ग्रंथ है
डॉ. सौरभ मालवीय किसी भी देश के लिए एक विधान की आवश्यकता होती है। देश के विधान को संविधान कहा जाता है। यह अधिनियमों का संग्रह है। भारत के संव...
टूटते संबंध, बढ़ता अवसाद
डॉ. सौरभ मालवीय मनुष्य जिस तीव्र गति से उन्नति कर रहा है, उसी गति से उसके संबंध पीछे छूटते जा रहे हैं. भौतिक सुख-सुविधाओं की बढ़ती इच्छाओं क...
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